न्यूज़ीलैंड के अनुभवी बल्लेबाज़ केन विलियमसन ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी है। यह निर्णय उन्होंने अपने शानदार 93 मैचों के करियर के बाद लिया, जो अगले टी20 विश्व कप से मात्र चार महीने पहले आया है।
शानदार टी20आई करियर का अंत
35 वर्षीय विलियमसन ने 2,575 रन बनाए, औसत 33 रहा, जिसमें 18 अर्धशतक और सर्वश्रेष्ठ स्कोर 95 रन शामिल है। उन्होंने 2011 में डेब्यू किया और 75 मैचों में कप्तानी करते हुए न्यूज़ीलैंड को दो टी20 विश्व कप सेमीफाइनल (2016, 2022) और एक फाइनल (2021) तक पहुंचाया।
यह भी पढ़ें – ऑपरेशन सिंदूर से अब तक नहीं उबरे कांग्रेस और पाकिस्तान’, बिहार रैली में पीएम मोदी का वार
विलियमसन ने क्या कहा
अपनी विदाई में विलियमसन ने कहा—
“यह टीम मेरे जीवन का अहम हिस्सा रही है। अब सही समय है कि मैं पीछे हटूं और नई प्रतिभाओं को आगे आने दूं। मिच सैंटनर एक बेहतरीन कप्तान हैं और वे इस टीम को आगे ले जाएंगे।”
आगे की योजनाएँ और संतुलन
2024 टी20 विश्व कप के बाद विलियमसन ने व्हाइट-बॉल कप्तानी छोड़ दी और अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट, फ्रेंचाइज़ क्रिकेट और परिवार के बीच संतुलन बना रहे हैं।
हाल ही में उन्होंने चोट से उबरकर इंग्लैंड के खिलाफ वनडे सीरीज़ में वापसी की। अब वे प्लंकेट शील्ड में नॉर्दर्न डिस्ट्रिक्ट्स के लिए खेलने के बाद वेस्टइंडीज़ के खिलाफ टेस्ट सीरीज़ पर ध्यान देंगे।
यह भी पढ़ें – ‘दिल्ली की दम घोंटू हवा पर कार्रवाई करें’, प्रियंका गांधी ने पीएम मोदी, पर्यावरण मंत्री और दिल्ली सीएम से की अपील
न्यूज़ीलैंड क्रिकेट की श्रद्धांजलि
NZC के सीईओ स्कॉट वीनिंक ने कहा—
“केन का योगदान असाधारण रहा है। टी20 विश्व कप फाइनल में उनकी 85 रनों की पारी न्यूज़ीलैंड की सबसे बेहतरीन पारियों में से एक थी। उन्होंने टीम को बेहतरीन स्थिति में छोड़ा है।”
वीनिंक ने उन्हें न्यूज़ीलैंड क्रिकेट का लीजेंड बताते हुए कहा कि वे अपने वनडे और टेस्ट करियर का अंत कब करें, यह पूरी तरह उनका निर्णय होगा।
विरासत
विलियमसन अब भी टी20 फ्रेंचाइज़ क्रिकेट खेलना जारी रखेंगे और वे न्यूज़ीलैंड के सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज़ बने रहेंगे। उनका यह संन्यास न्यूज़ीलैंड क्रिकेट के एक सुनहरे अध्याय का अंत है।