मस्कट में भव्य स्वागत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार को ओमान की राजधानी मस्कट पहुंचे, जो उनकी चार दिवसीय, तीन देशों की यात्रा का अंतिम चरण है। इससे पहले उन्होंने जॉर्डन और इथियोपिया का दौरा किया।
मस्कट अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर प्रधानमंत्री का स्वागत ओमान के उपप्रधानमंत्री (रक्षा) सैयद शिहाब बिन तारिक अल सईद ने किया। उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर भी प्रदान किया गया।
‘स्थायी मित्रता की भूमि’
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच X पर ओमान को भारत के साथ “स्थायी मित्रता और गहरे ऐतिहासिक संबंधों की भूमि” बताया और कहा कि यह यात्रा द्विपक्षीय सहयोग को नई गति देगी।
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यह यात्रा सुल्तान हैथम बिन तारिक के निमंत्रण पर हो रही है और भारत–ओमान के बीच राजनयिक संबंधों के 70 वर्ष पूरे होने के अवसर पर हो रही है।
रणनीतिक साझेदारी और व्यापार पर जोर
दो दिवसीय दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ओमान के शीर्ष नेतृत्व के साथ रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने और व्यापार व आर्थिक सहयोग के विस्तार पर बातचीत करेंगे।
इस यात्रा का प्रमुख एजेंडा भारत–ओमान व्यापक आर्थिक साझेदारी समझौता (CEPA) पर हस्ताक्षर करना है।
भारत–ओमान CEPA लगभग अंतिम चरण में
इस समझौते को हाल ही में केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी मिली है। इसकी वार्ता नवंबर 2023 में शुरू हुई थी और इस वर्ष पूरी हुई।
CEPA से सीमा शुल्क में कमी, सेवाओं में व्यापार को बढ़ावा और निवेश आकर्षित करने में मदद मिलेगी। इससे वस्त्र, खाद्य प्रसंस्करण, ऑटोमोबाइल, ऑटो कंपोनेंट्स, रत्न और आभूषण जैसे क्षेत्रों को लाभ मिलने की उम्मीद है।
भारत का पहले से ही संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के साथ ऐसा ही समझौता है, जो मई 2022 में लागू हुआ था।
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मजबूत व्यापारिक संबंध
ओमान, गल्फ कोऑपरेशन काउंसिल (GCC) देशों में भारत का तीसरा सबसे बड़ा निर्यात गंतव्य है। वर्ष 2024–25 में दोनों देशों के बीच व्यापार 10.5 अरब डॉलर का रहा।
भारत की प्रमुख आयात वस्तुएं पेट्रोलियम उत्पाद और यूरिया हैं, जबकि निर्यात में खनिज ईंधन, रसायन, कीमती धातुएं, लोहा-इस्पात, अनाज, जहाज, विद्युत मशीनरी, चाय, कॉफी, मसाले, वस्त्र और खाद्य पदार्थ शामिल हैं।
प्रवासी भारतीयों से संवाद
प्रधानमंत्री मोदी अपने दौरे के दौरान ओमान में रह रहे भारतीय समुदाय को भी संबोधित करेंगे और द्विपक्षीय संबंधों में प्रवासी भारतीयों की भूमिका पर प्रकाश डालेंगे।